पटना: बिहार विधानसभा के बजट सत्र (Bihar Assembly Budget Session) के दौरान सियासी पारा गरमा गया है। इंडियन एक्सक्लूसिव पार्टी के विधायक आईपी गुप्ता ने Bihar Budget 2026 को जनता के साथ छलावा करार देते हुए इसे महज एक ‘झुनझुना’ बताया है। विधायक ने सत्ता पक्ष के दावों को खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि Mahagathbandhan पूरी तरह एकजुट है और विपक्ष का एक भी विधायक पाला नहीं बदलेगा। विधायक गुप्ता ने बजट पेश करने के तरीके पर गंभीर सवाल उठाते हुए कहा कि देश के संसदीय इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है कि पूरा Budget Speech महज 12 मिनट में खत्म कर दिया गया। उन्होंने इसे लोकतंत्र और बिहार की जनता का अपमान बताते हुए सरकार की मंशा पर संदेह जताया है। उनके अनुसार, इतनी जल्दीबाजी में बजट पढ़ना यह दर्शाता है कि सरकार के पास जनता के विकास के लिए कोई ठोस विजन नहीं है।
सत्ता पक्ष के ‘ज्ञानी’ विधायकों को Open Debate का चैलेंज
विधायक आईपी गुप्ता ने विधानसभा के भीतर अपनी बात रखने के लिए पर्याप्त समय न मिलने पर भी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण (Governor’s Address) पर उन्हें बोलने के लिए केवल एक मिनट का समय दिया गया। विधायक ने दावा किया कि उन्होंने Bihar Budget 2026 का गहराई से अध्ययन किया है और वह इसके हर पहलू पर चर्चा के लिए तैयार हैं। उन्होंने सत्ता पक्ष को चुनौती देते हुए कहा, “अगर सरकार के पास कोई सबसे ‘ज्ञानी’ विधायक है, तो वह मेरे साथ सिर्फ 5 मिनट की Open Debate कर ले। मैंने पूरा बजट पढ़ा है और इसमें आम जनता के लिए कुछ भी नहीं है।” उन्होंने उम्मीद जताई कि विधानसभा अध्यक्ष (Assembly Speaker) बजट चर्चा के दौरान उन्हें विस्तार से अपनी बात रखने का मौका देंगे।
Mahagathbandhan में टूट की खबरों को बताया अफवाह
सत्ता पक्ष द्वारा विपक्षी विधायकों के टूटने के दावों पर प्रतिक्रिया देते हुए आईपी गुप्ता ने कहा कि यह सब भ्रामक प्रचार है। उन्होंने कड़े लहजे में कहा कि सत्ता पक्ष के लोग हताशा में विपक्ष के खिलाफ बयानबाजी कर रहे हैं। Bihar Politics में किसी भी तरह के बड़े दलबदल की संभावना को नकारते हुए उन्होंने साफ किया कि महागठबंधन के सभी विधायक अपनी विचारधारा के साथ मजबूती से खड़े हैं। विधायक ने अंत में कहा कि यदि सदन के अंदर उन्हें सही ढंग से पक्ष रखने नहीं दिया गया, तो वह विधानसभा के बाहर मीडिया के जरिए जनता को इस Budget की कमियों से रूबरू कराएंगे। उन्होंने दोहराया कि यह बजट बिहार के विकास के बजाय सिर्फ आंकड़ों की बाजीगरी है।


