उत्तराखंड के कोटद्वार में ‘मोहम्मद दीपक’ के नाम से चर्चा में आए युवक को सोशल मीडिया पर खुलेआम धमकी देने वाले आरोपी उत्कर्ष कुमार को पुलिस ने बिहार के मोतिहारी से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने एक Viral Video के जरिए दीपक को थप्पड़ मारने वाले को 2 लाख रुपये का Bounty (इनाम) देने का ऐलान किया था। इस विवादित बयान के बाद इलाके में Communal Tension बढ़ने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है। यह मामला 28 जनवरी 2026 को कोटद्वार स्थित एक ‘बाबा ड्रेस’ नामक दुकान के नाम से शुरू हुआ था, जिसे सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश की गई। विवाद के दौरान स्थानीय युवक दीपक कुमार ने भाईचारे का संदेश देते हुए खुद को ‘मोहम्मद दीपक’ बताया था। दीपक के इस कदम का वीडियो Social Media पर Trending हो गया था, जिसके विरोध में मोतिहारी के Content Creator उत्कर्ष कुमार ने भड़काऊ पोस्ट साझा की थी।
‘Baba Dress’ विवाद और सोशल मीडिया पर बढ़ता सांप्रदायिक तनाव
कोटद्वार बाजार में एक मुस्लिम दुकानदार द्वारा अपनी दुकान का नाम ‘बाबा ड्रेस’ रखने पर कुछ हिंदू संगठनों ने आपत्ति जताई थी। स्थिति बिगड़ती देख दीपक कुमार ने बीच-बचाव किया और खुद को ‘मोहम्मद दीपक’ कहकर हिंदू-मुस्लिम एकता की अपील की। पौड़ी गढ़वाल पुलिस ने इस एकता के संदेश को अपने Official Facebook Page पर शेयर किया, जिसे लाखों लोगों ने सराहा। हालांकि, मोतिहारी निवासी उत्कर्ष कुमार ने अपने पेज की Reach बढ़ाने के उद्देश्य से इस घटना पर एक भड़काऊ वीडियो पोस्ट किया। उत्कर्ष ने दीपक पर सनातन धर्म के अपमान का आरोप लगाते हुए उसे थप्पड़ मारने वाले को नकद इनाम देने की घोषणा की। इस Provocative Content के बाद दीपक ने सुरक्षा की गुहार लगाते हुए कोटद्वार कोतवाली में Complaint दर्ज कराई।
Motihari से गिरफ्तारी और IPC की धाराओं के तहत कानूनी कार्रवाई
दीपक की शिकायत पर पुलिस ने Cyber Cell की मदद से आरोपी का IP Address ट्रेस किया, जो बिहार के मोतिहारी का निकला। उत्तराखंड और बिहार पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में उत्कर्ष कुमार को उसके घर से हिरासत में लिया गया। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि उसने केवल Social Media Engagement और व्यूज बढ़ाने के लिए ऐसा भड़काऊ वीडियो बनाया था। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ IPC Section 153A (विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देना), Section 506 (आपराधिक धमकी) और IT Act की गंभीर धाराओं के तहत FIR दर्ज की है। हालांकि गिरफ्तारी के बाद आरोपी ने एक माफीनामा वीडियो भी जारी किया, लेकिन बाद में वह अपने बयान पर अड़ा रहा। प्रशासन ने फिलहाल आरोपी का Social Media Account सील कर दिया है और आगे की Investigation जारी है।


