पूर्वी चम्पारण के मोतिहारी में ‘Police Saptah 2026’ के गौरवमयी अवसर पर एसपी स्वर्ण प्रभात (SP Swarn Prabhat) ने नशा मुक्ति के खिलाफ एक व्यापक जन-जागरूकता अभियान की शुरुआत की है। एसपी कार्यालय से बुधवार को एक विशाल ‘Prabhat Pheri’ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस विशेष ‘Awareness Drive’ का मुख्य उद्देश्य स्थानीय युवाओं और आम नागरिकों को ‘सूखा नशा’ (Synthetic Drugs) और शराब की घातक लत से दूर रहने के लिए प्रेरित करना है। पुलिस सप्ताह के तहत आयोजित इस कार्यक्रम में पुलिस पदाधिकारियों और जवानों ने शहर के प्रमुख व्यस्त मार्गों से मार्च किया। इस दौरान पुलिस ने ‘Public Participation’ पर जोर देते हुए लोगों से मादक पदार्थों के सेवन को जड़ से खत्म करने की अपील की। एसपी ने स्पष्ट किया कि नशा न केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य को नष्ट करता है, बल्कि पूरे समाज के सामाजिक ताने-बाने (Social Fabric) को भी कमजोर कर देता है।
Awareness Drive: सूखा नशा और शराब के खिलाफ पुलिस की बड़ी पहल
प्रभात फेरी के दौरान पूरा मोतिहारी शहर “सूखा नशा और शराब से दूरी, जीवन में खुशहाली जरूरी” जैसे प्रेरणादायक नारों से गूंज उठा। इस मार्च में पुलिस कर्मियों के साथ-साथ बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ताओं (Social Workers) ने भी हिस्सा लिया। पुलिस का लक्ष्य ‘Ground Zero’ पर जाकर युवाओं को यह समझाना है कि नशे का दलदल उनके करियर और भविष्य को कैसे बर्बाद कर सकता है। एसपी स्वर्ण प्रभात ने मीडिया से बात करते हुए अभिभावकों (Parents) के लिए एक ‘Official Advisory’ जारी की। उन्होंने अपील की कि माता-पिता अपने बच्चों की संगति और उनकी गतिविधियों पर विशेष ध्यान दें। पुलिस का मानना है कि नशा मुक्ति अभियान तभी सफल होगा जब इसमें परिवार और समाज का पूर्ण सहयोग मिलेगा।
Police Saptah 2026: आगामी कार्यक्रमों का Schedule जारी
मोतिहारी पुलिस के अनुसार, इस साल ‘Police Week’ के दौरान केवल मार्च ही नहीं, बल्कि कई अन्य ‘Community Policing’ कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। इसमें ग्रामीण इलाकों में चौपाल और स्कूलों में सेमिनार शामिल हैं, ताकि नशे के खिलाफ एक प्रभावी ‘Support System’ तैयार किया जा सके। पुलिस महानिदेशक के निर्देशों के आलोक में, जिले के सभी थानों को अपने-अपने क्षेत्रों में ‘Strict Vigilance’ बरतने और नशीले पदार्थों की तस्करी करने वालों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है। पुलिस प्रशासन का यह संकल्प है कि 2026 तक जिले को नशामुक्त बनाकर अपराधियों के मनोबल को तोड़ा जाए।


