नई दिल्ली/गुरुग्राम: भारत के कॉर्पोरेट जगत (Corporate World) में मंगलवार को उस वक्त बड़ी हलचल मच गई, जब Zomato और Blinkit की पेरेंट कंपनी ‘Eternal Group’ के CEO दीपिंदर गोयल (Deepinder Goyal) ने अपने पद से इस्तीफा देने का ऐलान कर दिया। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर खुद इसकी जानकारी देते हुए गोयल ने बताया कि अब ग्रुप की कमान अलबिंदर ढींडसा (Albinder Dhindsa) संभालेंगे, जो फिलहाल Blinkit का नेतृत्व कर रहे हैं।
शेयरधारकों (Shareholders) की मंजूरी के बाद दीपिंदर गोयल अब कंपनी के बोर्ड में Vice Chairman की भूमिका निभाएंगे। 18 साल तक कंपनी को जीरो से हीरो बनाने वाले गोयल का यह फैसला ऐसे समय आया है, जब कंपनी अपने विस्तार के सबसे आक्रामक दौर में है। हालांकि, मार्केट एक्सपर्ट्स इसे एक ‘Strategic Restructuring’ मान रहे हैं, क्योंकि अलबिंदर ढींडसा को Group CEO बनाकर गोयल ने साफ कर दिया है कि वे अब डे-टू-डे ऑपरेशन से हटकर ‘Big Picture’ पर फोकस करेंगे।
आखिर क्यों दिया इस्तीफा? क्या है Goyal का ‘High Risk’ प्लान?
अपने इस्तीफे की वजह बताते हुए दीपिंदर गोयल ने एक दिलचस्प खुलासा किया है। उन्होंने साफ कहा कि एक पब्लिक कंपनी (Listed Company) के CEO के तौर पर उन पर कानूनी जिम्मेदारियों और अनुशासन का भारी दबाव रहता है, जो उनके ‘Creative DNA’ को सीमित कर रहा था। गोयल अब कुछ ऐसे New Ideas और प्रोजेक्ट्स पर काम करना चाहते हैं जिनमें “हाई रिस्क, एक्सपेरिमेंट और खोज” शामिल है।
गोयल ने लिखा, “ऐसे प्रयोग किसी पब्लिक कंपनी के दायरे में फिट नहीं बैठते। अगर ये विचार Eternal की स्ट्रैटेजी में फिट होते, तो मैं इन्हें कंपनी के भीतर ही करता। लेकिन ऐसा नहीं है।” सरल शब्दों में कहें तो, गोयल अब Zomato की बैलेंस शीट की चिंता किए बिना नए स्टार्टअप आइडियाज पर जुआ खेलना चाहते हैं, जिसके लिए उन्हें ‘Free Hand’ की जरूरत थी।
Albinder Dhindsa: भरोसेमंद सिपहसालार को कमान
ग्रुप का नया बॉस अलबिंदर ढींडसा को बनाने के पीछे गोयल ने उनकी Execution Capability को वजह बताया है। गोयल ने ढींडसा को एक “Battle-hardened Founder” करार दिया। गौरतलब है कि Blinkit के अधिग्रहण (Acquisition) के बाद उसे घाटे से निकालकर ‘Break-even’ तक पहुंचाने में ढींडसा ने अहम भूमिका निभाई है। सप्लाई चेन और ऑपरेशनल सिस्टम पर उनकी पकड़ ने उन्हें इस पद का सबसे प्रबल दावेदार बना दिया।
Employees के लिए गुड न्यूज: ESOPs पर बड़ा फैसला
जाते-जाते दीपिंदर गोयल ने अपने कर्मचारियों के लिए एक दिल जीतने वाला ऐलान भी किया। उन्होंने घोषणा की है कि उनके सभी ‘Unvested ESOPs’ (Employee Stock Ownership Plans) वापस पूल में डाल दिए जाएंगे। इसका सीधा फायदा आने वाली पीढ़ी के लीडर्स को मिलेगा और Wealth Creation के नए अवसर पैदा होंगे। गोयल ने भावुक होते हुए कहा, “यह बदलाव सिर्फ टाइटल का है, कमिटमेंट का नहीं। Eternal मेरे जीवन का काम रहा है और आगे भी रहेगा।”


