झारखंड के Palamau जिले के Manatu Block में सरकारी नियमों को ताक पर रखकर कई Rozgar Sevaks वर्षों से एक ही पंचायत में कुंडली मारकर बैठे हैं। स्थानांतरण (Transfer) नियमों की अनदेखी के कारण इन पंचायतों में भ्रष्टाचार की जड़ें गहरी हो गई हैं। विशेष रूप से Naudiha Panchayat के रोजगार सेवक संजय कुमार गुप्ता पर MNREGA Schemes में अवैध उगाही और अनियमितता के गंभीर आरोप लगे हैं, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। सूत्रों के अनुसार, इन कर्मियों को एक ही स्थान पर 4 से 5 वर्षों तक बनाए रखा गया है, जो सीधे तौर पर विभागीय Transfer Policy का उल्लंघन है। जिम्मेदार अधिकारी इस मामले में कुछ भी बोलने से बच रहे हैं, जिससे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। आरोप है कि लंबे समय तक एक ही जगह टिके रहने के कारण ये कर्मी अब स्थानीय ठेकेदारों के साथ मिलकर सरकारी फंड का बंदरबांट कर रहे हैं।
MNREGA Corruption और PhonePe से ‘कमीशन’ का खेल
नौडीहा पंचायत के रोजगार सेवक संजय कुमार गुप्ता पर आरोप है कि वे पिछले 5 वर्षों से इस पद पर बने हुए हैं। स्थानीय लोगों का दावा है कि वे Dead Persons (मृत व्यक्तियों) के नाम पर योजनाएं चलाकर राशि की निकासी कर रहे हैं। इतना ही नहीं, भ्रष्टाचार का आलम यह है कि ‘बेटे की फीस’ भरने के बहाने ठेकेदारों से Online Payment (PhonePe) के माध्यम से खुलेआम कमीशन की मांग की जाती है। इस Corruption Scam की वजह से वास्तविक मजदूरों को काम नहीं मिल रहा है और उन्हें अपने हक के लिए दफ्तरों के चक्कर काटने पड़ रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि रोजगार सेवक को न तो प्रखंड स्तर के अधिकारियों का डर है और न ही जिला प्रशासन का। खुलेआम हो रही इस लूट ने Transparency के दावों की पोल खोल दी है।
मुखिया की शिकायत बेअसर, प्रशासन की चुप्पी पर सवाल
नौडीहा पंचायत के मुखिया बंधु भुईयां ने इस स्थिति पर अपनी लाचारी व्यक्त की है। उन्होंने बताया कि वे इस संबंध में कई बार प्रखंड के Senior Officials को सूचित कर चुके हैं, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। मुखिया का कहना है कि वे अधिकारियों को बोल-बोल कर थक चुके हैं, लेकिन रोजगार सेवक संजय कुमार गुप्ता को पंचायत से नहीं हटाया जा रहा है। अधिकारियों की यह Administrative Silence संकेत देती है कि भ्रष्टाचार के इस खेल में ऊपर तक मिलीभगत हो सकती है। अब ग्रामीणों ने पलामू डीसी (District Commissioner) से मांग की है कि इस मामले की उच्च स्तरीय Investigation कराई जाए और दोषी कर्मियों का तत्काल प्रभाव से Transfer कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।


