बिहार के शेखपुरा जिले में Daroga Bharti Pariksha के दौरान पुलिस ने एक बड़े फर्जीवाड़े का भंडाफोड़ किया है। Sheikhpura Police ने शहर के डीएम प्लस टू उच्च विद्यालय (DM Plus Two High School) परीक्षा केंद्र पर छापेमारी कर दूसरे के बदले परीक्षा देते एक ‘मुन्ना भाई’ और इस पूरे रैकेट की मास्टरमाइंड सोनल कुमारी उर्फ ‘सोनल मैडम’ को गिरफ्तार किया है। SP Baliram Kumar Chaudhary के निर्देश पर हुई इस कार्रवाई में मास्टरमाइंड महिला सहित कुल तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है। गिरफ्तार फर्जी परीक्षार्थी की पहचान नालंदा जिले के नूरसराय निवासी कुंदन कुमार के रूप में हुई है, जो किसी अन्य अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा दे रहा था। पुलिस ने परीक्षा केंद्र के बाहर घेराबंदी कर मास्टरमाइंड सोनल और उसके सहयोगी राजीव कुमार को भी दबोच लिया। यह गिरोह नालंदा से संचालित हो रहा था और Selection Process में सेंध लगाने के लिए भारी रकम की डील कर चुका था।
WhatsApp पर मिले कई Admit Card, बड़े गिरोह का खुलासा
जांच के दौरान गिरफ्तार मास्टरमाइंड सोनल कुमारी के WhatsApp से पुलिस को कई चौंकाने वाले सबूत मिले हैं। सोनल के मोबाइल में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के दर्जनों Admit Card और उम्मीदवारों के डेटा मिले हैं। पुलिस को संदेह है कि यह Inter-District Racket केवल बिहार पुलिस तक सीमित नहीं है, बल्कि अन्य राज्यों की भर्ती परीक्षाओं में भी सक्रिय है। पुलिस अब सोनल के कॉल रिकॉर्ड्स और चैट हिस्ट्री के जरिए उन अभ्यर्थियों की लिस्ट तैयार कर रही है, जिन्होंने शॉर्टकट से नौकरी पाने के लिए इस गिरोह से संपर्क किया था।
नालंदा का ‘सोनल’ कनेक्शन और Police Action
पकड़ी गई मास्टरमाइंड सोनल कुमारी बिहार शरीफ के खंदक मोहल्ला की रहने वाली है। पुलिस ने मौके से एक संदिग्ध वाहन को भी जब्त किया है, जिसकी गहन Investigation की जा रही है। SP Baliram Kumar Chaudhary के अनुसार, इस गिरोह के तार नालंदा के अन्य बड़े जालसाजों से जुड़े होने की प्रबल संभावना है। पुलिस अब फरार अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस फर्जीवाड़े में शिक्षा विभाग या परीक्षा केंद्र के किसी कर्मचारी की मिलीभगत तो नहीं है।


